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जिला भदोहीं

जिला भदोही अपने आप में एक अनोखा शहर है ! जहाँ अपने देश ही नहीं बल्कि विदेशों से बड़े - बड़े कारोबारियों के लिए कालीन बना कर उन्हें निर्यात किया जाता है !
कालीन बनाने की एक अद्भुत कला यहाँ के लोगों में बसी हुई है ! शायद इसीलिए इस जिले को कालीन नगर भदोही नाम के साथ जोड़ा जाता रहा है ! बड़े - बड़े उद्दोगपतियों का यहाँ आना इस छोटे से शहर को गर्व महसूस कराता है ! यहाँ के लोगों की बोली इतनी सुसज्जित होती है की मानो आपको सम्मान दे कर खुद को समर्पित करने के जैसा हो ! भारतीय परंपरा की एक अद्भुत मिसाल केंद्र बिंदु है भदोही, धर्मस्थल की बात करें तो जिला भदोहीं भी एक महत्वपूर्ण स्थान रखता है कोइरौना क्षेत्र में विराजमान बाबा सेमराध नाथ धाम जहा प्रतिदिन भजन -कीर्तन करते भक्त लोग नजर आते हैं ! यहाँ भगवान शिव जी पृथ्वी में १२ फिट अंदर विराजते हैं और अपने सभी भक्तों की मनोकामनायें पूर्ण करते हैं !
यहाँ एक और खास जानकारी उपलब्ध होती है आपको, भदोही जिला में ही भारत की सबसे ऊँची हनुमान जी की प्रतिमा है जिसकी ऊंचाई १०८ फिट है यह प्रतिमा गोपीगंज जी. टी. रोड से होकर धनतुलसी रोड पर स्थित सीता समाहित स्थल सीतामढ़ी के नाम से प्रसिद्ध है ! यहाँ देश - विदेश से लोग आकर श्री राम, लक्ष्मण, सीता और लव-कुश तथा हनुमान जी के दर्शन कर अपने पापों का विनाश करते है ! यह मंदिर कोनिया क्षेत्र से सटा हुआ है जहा तीन तरफ से माँ गंगा की धारा प्रवाहित होती है ! कोनिया क्षेत्र में बना बाबा गंगेश्वर धाम मंदिर गांव इटहरा को प्रसिद्ध करने का प्रमुख स्रोत है, गंगेश्वर धाम मंदिर माँ गंगा के पावन तट पर स्थित है जहाँ भगवान शंकर १२ वर्षों तक तपस्या कर इस जगह को तपो भूमि बनाये हैं ! यहाँ माँ गंगा की बहती जल धारा स्थिरता और गंभीरता को प्रकट करती है ! यहाँ आप सभी को भक्ति भरे स्वाभाव का आनंद प्राप्त होगा आप दर्शन करने आये जरूर ! धन्यवाद

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